कृषि विभाग के अधिकारी कह रहे हैं कि प्रदेश में यूरिया की कोई कमी नहीं है लेकिन हकीकत कुछ और ही है। प्रदेश के ज्यादातर अंचल में अब तक पर्याप्त यूरिया नहीं पहुंचा है। किसान उसके लिए भटक रहे हैं। हर जगह यूरिया के लिए कतारें दिख रही हैं। हालांकि सरकार का दावा है कि 10 दिसंबर तक दो लाख मीट्रिक टन यूरिया और उपलब्ध हो जाएगा। राज्य सरकार द्वारा केंद्र को देर से भुगतान किया जाना भी यूरिया की कम आपूर्ति की एक वजह बताई जा रही है।
हाल में कृषि मंत्री सचिन यादव ने यूरिया की उपलब्धता और वितरण की समीक्षा बैठक ली थी। जिसमें जानकारी दी गई थी कि पिछले दो साल में लगभग ढाई लाख मीट्रिक टन यूरिया का अग्रिम भंडारण किया गया था जबकि इस वर्ष 4 लाख 12 हजार मीट्रिक टन यूरिया स्टोर किया गया है। जनवरी माह में 1 लाख 50 हजार मीट्रिक टन यूरिया आना अपेक्षित है।
मारामारी ऐसी... अंचल में छात्राएं भी पढ़ाई छोड़कर खाद के लिए लाइन में लगीं
अशोक नगर : खाद की किल्लत के चलते कई किसानों ने कुछ दिन पहले घर की महिलाओं को लाइन में लगा दिया। पुरुषों की तुलना में महिलाओं की लाइन छोटी होती है। शुक्रवार को खाद वितरण केंद्र पर सोनेरा गांव की कक्षा 9 की छात्रा नेहा जाटव, शिवानी जाटव, रिंकी भी पढ़ाई छोड़कर लाइन में लगी रहीं। प्राइवेट दुकानदारों के काउंटर भी केंद्र पर लगाए जा रहे हैं। जिले में तीन दिन पहले ही 2605 टन यूरिया की रैक लगी थी।
18 लाख मीट्रिक टन की मांग : प्रदेश में गेहूं के क्षेत्रफल में वृद्धि के मद्देनजर रबी की फसल के लिए 18 लाख मीट्रिक टन यूरिया की मांग की गई थी। केंद्र सरकार ने 15.40 लाख मीट्रिक टन प्रदाय करने की स्वीकृति भी दी थी। गौरतलब है कि पिछले वर्ष दिसंबर में 1.14 लाख मीट्रिक टन यूरिया सप्लाई हुआ था, जबकि इस वर्ष दिसम्बर में 4.35 लाख मीट्रिक टन यूरिया की उपलब्धता हुई है।
प्रदेश में यूरिया की शार्टेज जैसी स्थिति नहीं है। किसानों को यह मिल रहा है। लगातार आपूर्ति की जा रही है। - अजीत केसरी, प्रमुख सचिव, कृषि विभाग
15.40 लाख मीट्रिक टन यूरिया मिलना था केंद्र से
11 लाख मीट्रिक टन ही मिल पाया है अब तक
(मार्कफेड के सूत्रों के मुताबिक)
जानिए... प्रदेश का क्या हाल
सागर : मकरोनिया में शुक्रवार को बड़ा प्रदर्शन हुआ। यूरिया काे लेकर चक्काजाम करने वाले नरयावली विधायक प्रदीप लारिया के खिलाफ दर्ज केस के विराेध में पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चाैहान, नेता प्रतिपक्ष गाेपाल भार्गव, पूर्व मंत्री भूपेंद्र सिंह व रामपाल सिंह सहित भाजपा नेताअाें ने गिरफ्तारी दी।
गुना : मंडी में सुबह से ही लाइनें लगी थी। श्रम मंत्री महेंद्र सिंह सिसोदिया मौके पर पहुंचे और एक की बजाय तीन मशीनें लगवाईं।
राजगढ़ : शुक्रवार सुबह 6 बजे से 11 बजे तक इंतजार कर रहे किसान यूरिया खत्म होते ही हाईवे पर आ गए। प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी व वाहनों पर पथराव किया।
मंदसौर : सुवासरा में शुक्रवार को 800 से ज्यादा लोग लाइन में लग रहे। 1 बोरी के हिसाब से तीन घंटे में 340 किसानों को ही यूरिया मिल सका।